9,8,7,6 से ही क्यों चालू होता है आपका मोबाइल नंबर – जानिए अभी

इस दुनिया में हर समय नए-नए इंवेंशंस होते ही रहते हैं। अगर आज से 20 साल पहले देखेंगे तो हमारे पास ज्यादा तकनीक नहीं थे। आज हम घर बैठे बैठे विदेशों में नेट द्वारा बात कर सकते हैं। मोबाइल फोन एक बहुत बेहतरीन साधन है।आज इंटरनेट कनेक्टिविटी में इतना सुधार हो गया है कि आप फोन द्वारा देश विदेशों में बात कर सकते हैं।

बस आपको अपने फोन में 1 सिम की जरूरत होती है। कंप्रेस फोन में आपको बस सिम डालनी है और आप कॉल करके कहीं भी बात कर सकते हैं। भारत में कई सारी टेलीकॉम कंपनी है जो कि अलग-अलग नंबर किस सिम कार्ड प्रोवाइड करवाती हैं। भारत में एक मोबाइल नंबर के कुल 10 अंक होते हैं। आपके मोबाइल नंबर के शुरूआती +91 से शुरू होते हैं। हर देश का अपना अलग अलग कंट्री कोड होता है। भारत का कंट्री कोड +91 है। पर क्या आपने सोचा है कि सारे मोबाइल नंबर 9,8,7,6 से ही के शुरू होते हैं।

कंट्री कोड के बाद जो आपका मोबाइल नंबर चालू होते हैं वह हमेशा 987 या 6 से ही शुरु होंगे। क्या आपने कभी सोचा है कि शुरुआती अंक 0 या 1 से क्यों नहीं शुरू होते या फिर शुरुआत में 2,3,4,5 क्यों नहीं होते। तो चलिए आइए आज हम अपने पोस्ट के माध्यम से आपको बताएंगे कि क्यों मोबाइल नंबर 9,8,7,6 से ही चालू होता है।

1 से क्यों नहीं शुरू होते हैं नंबर

1 से शुरू होने वाले जो नंबर होते हैं वह ज्यादातर सरकारी कामों में यूज किए जाते हैं। जैसे कि आपने देखा होगा कि एंबुलेंस को बुलाने के लिए 108 डायल करना पड़ता है। तथा पुलिस को बुलाने के लिए 100 डायल करना पड़ता है। ऐसे ही ज्यादातर सरकारी हेल्पलाइन नंबर 1 से ही चालू होते हैं।

वहीं अगर दूसरी और बात की जाए तो जो नंबर 2 3 4 और 5 से शुरू होते हैं वह लैंडलाइन के नंबर होते हैं। यही कारण होता है कि टेलिकॉम कंपनी कभी भी आपको इन नंबरों को नहीं देती है। हर नंबर की अपनी-अपनी कैटिगरीज होती हैं।

0 का यहां होता है इस्तेमाल

अभी तक हमने आपको बताया कि 1 से लेकर 9 तक के अंक किन-किन जगहों पर यूज किए जाते हैं। परंतु क्या आपको पता है नंबर 0 का उपयोग किन जगहों पर किया जाता है। नंबर 0 का उपयोग लैंडलाइन नंबर के लिए एसटीडी कोड के रूप में किया जाता है। जब आपको कही विदेश के लैंडलाईन के ऊपर फोन करना होता है। तब वह 0 का इस्तेमाल किया जाता है। आशा करते हैं कि यह सारे इंफॉर्मेशन आपको पसंद आई होगी।

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